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ब्रिसबेन में भारत की ऐतिहासिक जीत, 2-1 से नाम की सीरीज, पंत ने खेली कमाल की पारी

ब्रिस्बेन के गाबा में खेले गए बॉर्डर-गावस्कर ट्रॉफी के चौथे टेस्ट में भारत ने ऑस्ट्रेलिया को तीन विकेट से हरा दिया. इसके साथ ही भारतीय टीम ने चार मैचों की यह सीरीज भी 2-1 से अपने नाम कर ली. गाबा के मैदान पर पहली बार किसी ने टीम ने 300 से ज्यादा रनों के लक्ष्य का पीछा किया है.

ऑस्ट्रेलिया में भारत ने दूसरी बार टेस्ट सीरीज जीती है. इससे पहले 2018-19 दौरे पर भी भारतीय टीम ने ऑस्ट्रेलिया को चार मैचों की टेस्ट सीरीज में 2-1 से हराया था. उस वक्त भारतीय टीम ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ उसके घर में टेस्ट सीरीज जीतने वाली एशिया की पहली टीम बनी थी. अब एक बार फिर भारत ने कंगारू टीम को उसके घर में हराकर इतिहास रच दिया है.

भारत की इस ऐतिहासिक जीत के हीरो रहे विकेटकीपर बल्लेबाज़ ऋषभ पंत और सलामी बल्लेबाज़ शुभमन गिल. पंत ने 138 गेंदो में 89 रन बनाकर नाबाद रहे. इस दौरान उन्होंने नौ चौके और एक छक्का लगाया. इसके साथ ही वह टेस्ट क्रिकेट में सबसे तेज 1,000 रन बनाने वाले भारतीय विकेटकीपर भी बन गए. वहीं शुभमन गिल ने 146 गेंदो में 91 रनों की शानदार पारी खेली. अपनी इस पारी में उन्होंने आठ चौके और दो छक्के लगाए.

पंत और गिल के अलावा चेतेश्वर पुजारा ने भी टीम इंडिया की जीत में अहम योगदान दिया. उन्होंने 211 गेंदो में 56 रनों की पारी खेलकर एक छोर बांधे रखा. गाबा की टूटी हुई पिच पर पुजारा दीवार बनकर खड़े रहे और भारत को मैच में बनाए रखा. पुजारा के कारण ही पंत तेजी से रन बनाते रहे और भारत को ऐतिहासिक जीत दिलाई.

पांचवें दिन भारत को जीत के लिए 324 रनों की दरकार थी. लेकिन भारत को पहला झटका 9वें ओवर में ही रोहित के रूप में लग गया. रोहित 21 गेंदो में सात रन बनाकर आउट हुए. उन्हें पैट कमिंस ने विकेट के पीछे पेन के हाथों कैच आउट कराया. इसके बाद गिल और पुजारा ने दूसरे विकेट के लिए 114 रनों की साझेदारी की. गिल 91 रन बनाकर नाथन ल्योन का शिकार बने. गिल के आउट होने के बाद कप्तान अजिंक्य रहाणे भी सिर्फ 24 रन बनाकर चलते बने. उन्हें पैट कमिंस ने पवेलियन भेजा.

इसके बाद पंत और पुजारा ने कमाल की बल्लेबाज़ी की. दोनों ने चौथे विकेट के लिए 61 रनों की साझेदारी कर, भारत की जीत सुनिश्चित कर दी. लेकिन अंत में डेब्यू मैन वॉशिंगटन सुंदर ने भी पंत का खूब साथ दिया. सुंदर ने 29 गेंदो में दो चौको और एक छक्के की बदौलत 22 रन बनाए. इन दोनों ने छठे विकेट के लिए 53 रनों की साझेदारी की. इस जोड़ी ने ही मैच भारत की झोली में डाल दिया था.

वहीं ऑस्ट्रेलिया के लिए तेज गेंदबाज पैट कमिंस ने कमाल की गेंदबाजी की. उन्होंने 24 ओवर में 10 मेडन के साथ सिर्फ 55 रन देकर चार अहम विकेट झटके. इसके अलावा अपना 100वां टेस्ट खेल रहे नाथन ल्योन को दो सफलता मिलीं.

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