UAE के राष्ट्रपति का दिल्ली दौरा : प्रधानमंत्री मोदी से हुई मुलाकात ,कई महत्वपूर्ण समझौते पर बनी सहमति
दिल्ली। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और संयुक्त अरब अमीरात (UAE) के राष्ट्रपति शेख मोहम्मद बिन जायद अल नहयान के बीच दिल्ली में हुई उच्चस्तरीय द्विपक्षीय वार्ता ने भारत-UAE संबंधों को एक नई रणनीतिक ऊँचाई पर पहुँचा दिया है। सिर्फ तीन घंटे की इस छोटी लेकिन प्रभावशाली मुलाकात में दोनों देशों के बीच रक्षा, अंतरिक्ष, ऊर्जा, निवेश, खाद्य सुरक्षा और आतंकवाद विरोध जैसे अहम क्षेत्रों में बड़े फैसले लिए गए। विदेश सचिव विक्रम मिस्री के अनुसार, यह दौरा “छोटा लेकिन अत्यंत ठोस और परिणामोन्मुखी रहा जिसमें 9 महत्वपूर्ण समझौते हुए ।
क्या है वह बड़े समझौते
भारत-UAE के बीच कारोबार 2030 तक 200 बिलियन डॉलर तक पहुंचाने का टारगेट रखा गया है। डिफेंस सेक्टर में साथ में मिलकर काम करने के लिए एक समझौते पर सहमति बनी। UAE गुजरात के धोलेरा स्पेशल इंवेस्टमेंट रीजन के डेवलपमेंट के लिए निवेश करेगा। भारत में डेटा सेंटर बनाने के लिए भी UAE भारी मात्रा में दांव लगाएगा। इसके अलावा, डेटा एम्बेसी बनाने का भी जिक्र है। दोनों देशों ने न्यूक्लियर एनर्जी की दिशा में भी आपसी सहयोग से काम करने की सहमति जताई है, जिसमें छोटे-बड़े परमाणु रिएक्टर बनाने के काम भी शामिल हैं. फूड एवं एग्रो प्रोडक्टस के कारोबार को भी आसान बनाने पर UAE भारत को हर साल 5 लाख मीट्रिक टन LNG गैस की सप्लाई करेगा। आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस और सुपर कम्प्यूटर बनाने की दिशा में भी साथ मिलकर काम करने पर सहमति बनी है।स्पेस सेक्टर में भी सहयोग बढ़ाने पर बात छिड़ी है।इसके तहत सैटेलाइट बनाने, रॉकेट लॉन्च कॉम्प्लेस बनाए जाएंगे।





