कोरबा जिला पंचायत में भारी हंगामा, CEO पर भ्रष्टाचार और अभद्रता के आरोप

कोरबा। Korba जिला पंचायत में सोमवार को बड़ा राजनीतिक और प्रशासनिक विवाद सामने आया। जिला पंचायत अध्यक्ष डॉ. पवन सिंह और कई सदस्यों ने मुख्य कार्यपालन अधिकारी (CEO) दिनेश नाग के खिलाफ मोर्चा खोलते हुए गंभीर आरोप लगाए हैं।
जिला पंचायत प्रतिनिधियों का आरोप है कि विकास कार्यों की स्वीकृति और संचालन के बदले 5 प्रतिशत कमीशन मांगा जा रहा है। इसके साथ ही महिला जनप्रतिनिधियों के साथ अभद्र व्यवहार और निर्वाचित सदस्यों की लगातार अनदेखी किए जाने का भी आरोप लगाया गया है।
विवाद इतना बढ़ गया कि जिला पंचायत अध्यक्ष डॉ. पवन सिंह ने कार्रवाई नहीं होने पर कड़ा आंदोलन करने की चेतावनी दे दी। उन्होंने कहा कि यदि एक महीने के भीतर प्रशासन ने कोई ठोस कदम नहीं उठाया, तो जिला पंचायत सदन में ताला लगा दिया जाएगा।
इसी नाराजगी के चलते अध्यक्ष और कई सदस्यों ने सोमवार को आयोजित DMF (डिस्ट्रिक्ट मिनरल फाउंडेशन) बैठक का भी बहिष्कार कर दिया।
इस पूरे घटनाक्रम ने इसलिए भी राजनीतिक महत्व हासिल कर लिया है क्योंकि जिला पंचायत अध्यक्ष, उपाध्यक्ष और 12 में से 9 सदस्य सत्तारूढ़ Bharatiya Janata Party से जुड़े बताए जा रहे हैं। वहीं, दो सदस्य कांग्रेस और एक सदस्य गोंडवाना गणतंत्र पार्टी से हैं।
राज्य सरकार के “सुशासन तिहार” के दौरान सामने आए इस विवाद ने प्रशासनिक कार्यप्रणाली और सुशासन के दावों पर भी सवाल खड़े कर दिए हैं।





