#प्रदेश

एनआईटी सिक्किम की एआई वर्कशॉप में मैट्स विश्वविद्यालय के कुलपति डॉ. के.पी. यादव मुख्य अतिथि के रूप में हुए शामिल

Advertisement Carousel

रायपुर। राष्ट्रीय प्रौद्योगिकी संस्थान सिक्किम में “इंटेलिजेंट रोबोटिक्स इन स्मार्ट एग्रीकल्चर: द फ्यूचर ऑफ फार्मिंग” विषय पर एक सप्ताहीय कार्यशाला का आयोजन किया जा रहा है। इस अवसर पर मैट्स विश्वविद्यालय के कुलपति डॉ. प्रो. के. पी. यादव मुख्य अतिथि एवं मुख्य वक्ता के रूप में शामिल हुए।

अपने उद्बोधन में उन्होंने कहा कि वर्तमान कृषि व्यवस्था में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) एक “गेम-चेंजर” के रूप में उभरा है, जो पारंपरिक खेती को स्मार्ट खेती में परिवर्तित कर रहा है। AI के माध्यम से उत्पादकता बढ़ाने, लागत कम करने और संसाधनों के कुशल प्रबंधन में उल्लेखनीय सहायता मिल रही है।

उन्होंने बताया कि AI मिट्टी की नमी, तापमान और पोषक तत्वों का विश्लेषण कर सटीक जानकारी प्रदान करता है, जिससे किसान यह तय कर सकते हैं कि किस क्षेत्र में कितनी मात्रा में उर्वरक या पानी की आवश्यकता है। इससे संसाधनों की बर्बादी कम होती है और उत्पादन में वृद्धि होती है।

हालांकि, उन्होंने यह भी कहा कि भारत में अभी केवल लगभग 2% किसान ही इस तकनीक का उपयोग कर पा रहे हैं। डेटा संग्रह की सीमाएं और तकनीकी कौशल की कमी इसके प्रमुख अवरोध हैं।

कार्यशाला में सिक्किम के विभिन्न क्षेत्रों से आए शोधार्थियों ने भाग लिया। डॉ. यादव ने उन्हें नवीन शोध के लिए प्रेरित किया। यह कार्यशाला Anusandhan National Research Foundation (ANRF) के तत्वावधान में आयोजित की जा रही है।

कार्यक्रम के मुख्य आयोजक एनआईटी सिक्किम के निदेशक प्रो. एम. सी. गोविल तथा प्रोग्राम कोऑर्डिनेटर डॉ. विशाल विश्नोई हैं। उन्होंने भी डॉ. यादव के उद्बोधन को वर्तमान परिप्रेक्ष्य में अत्यंत लाभदायक बताया।

इस अवसर पर मैट्स विश्वविद्यालय के कुलाधिपति गजराज पगारिया, महानिदेशक प्रियेश पगारिया तथा कुलसचिव गोकुलानंद पांडा ने प्रसन्नता व्यक्त की।