बाबा बर्फानी के दर्शन को उमड़ा आस्था का सैलाब, पहले जत्थे को दिखाई गई हरी झंडी

० उप-राज्यपाल मनोज सिन्हा ने जम्मू से रवाना किया पहला जत्था, 3 जुलाई से 28 अगस्त तक चलेगी 57 दिवसीय श्री अमरनाथ यात्रा
जम्मू। श्री अमरनाथ यात्रा 2026 का शुभारंभ गुरुवार को विधिवत हो गया। जम्मू-कश्मीर के उप-राज्यपाल मनोज सिन्हा ने जम्मू से तीर्थयात्रियों के पहले जत्थे को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया। इस दौरान श्रद्धालुओं में जबरदस्त उत्साह देखने को मिला और पूरा माहौल “बम-बम भोले” के जयघोष से गूंज उठा।
बीजेपी सांसद जुगल किशोर शर्मा ने कहा कि श्री अमरनाथ यात्रा देश की सबसे महत्वपूर्ण धार्मिक यात्राओं में से एक है। उन्होंने यात्रा के सफल और सुरक्षित संचालन की कामना करते हुए कहा कि इस वर्ष श्रद्धालुओं की संख्या पिछले सभी रिकॉर्ड तोड़ सकती है।
वहीं, जम्मू-कश्मीर विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष सुनील शर्मा ने भी यात्रियों को शुभकामनाएं देते हुए कहा कि श्री अमरनाथ श्राइन बोर्ड द्वारा बेहतर व्यवस्थाएं की गई हैं, जिससे श्रद्धालुओं को सुरक्षित और सुविधाजनक यात्रा का अनुभव मिलेगा।
इधर, कश्मीर घाटी के बालटाल और पहलगाम बेस कैंपों पर भी श्रद्धालुओं की भारी भीड़ उमड़ पड़ी। हर ओर “बम-बम भोले” के जयघोष के साथ भक्त बाबा बर्फानी के दर्शन के लिए रवाना होते नजर आए।
यात्रा शुरू होने से पहले सुरक्षा के व्यापक इंतजाम किए गए। सीआरपीएफ की 137वीं बटालियन और K-9 यूनिट ने उधमपुर में जम्मू-श्रीनगर राष्ट्रीय राजमार्ग पर सघन जांच अभियान चलाया। वहीं, श्रीनगर के पठान चौक यात्री निवास में जम्मू-कश्मीर पुलिस और अर्धसैनिक बलों ने आतंकवाद-रोधी मॉक ड्रिल कर सुरक्षा तैयारियों का जायजा लिया।
गौरतलब है कि समुद्र तल से लगभग 3,880 मीटर की ऊंचाई पर स्थित पवित्र अमरनाथ गुफा में प्राकृतिक रूप से बनने वाले हिम शिवलिंग के दर्शन के लिए हर वर्ष लाखों श्रद्धालु पहुंचते हैं।
इस वर्ष 57 दिनों तक चलने वाली अमरनाथ यात्रा 3 जुलाई से अनंतनाग के पारंपरिक 48 किलोमीटर लंबे पहलगाम मार्ग और गांदरबल के 14 किलोमीटर लंबे बालटाल मार्ग से एक साथ शुरू होगी। यात्रा का समापन 28 अगस्त, रक्षाबंधन के दिन होगा।




