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देशभर में बारिश का कहर: मुंबई में भूस्खलन से 7 मौतें, हिमाचल में 313 सड़कें बंद, 18 अगस्त तक अलर्ट

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नई दिल्ली। देश के कई हिस्सों में लगातार हो रही बारिश ने जनजीवन अस्त-व्यस्त कर दिया है। मुंबई से हिमाचल प्रदेश और ओडिशा से जम्मू-कश्मीर तक बारिश, भूस्खलन, बाढ़ और जलभराव से हालात बिगड़े हुए हैं। मुंबई में पहाड़ी का मलबा मकानों पर गिरने से 7 लोगों की मौत हो गई, जबकि हिमाचल प्रदेश में 313 सड़कें बंद हैं। कई राज्यों में अगले कुछ दिनों तक भारी बारिश का अलर्ट जारी किया गया है।

मुंबई में भूस्खलन से 7 लोगों की मौत

मुंबई के घाटकोपर स्थित गौसिया चॉल में बुधवार तड़के करीब 3:45 बजे पहाड़ी का एक हिस्सा और मलबा तीन मकानों पर जा गिरा। हादसे में तीन बच्चों समेत छह लोगों की मौत हो गई, जबकि रमेश यादव ने इलाज के दौरान दम तोड़ दिया।

हादसे में सात लोग घायल हुए हैं, जिनका इलाज जारी है। मुंबई की मेयर रीतू तावड़े ने घटनास्थल का दौरा कर राहत एवं बचाव कार्य का जायजा लिया। मृतकों के परिजनों को चार-चार लाख रुपये की आर्थिक सहायता देने की घोषणा की गई है।

हिमाचल में 313 सड़कें बंद, 75 लोगों की मौत

हिमाचल प्रदेश में लगातार बारिश और भूस्खलन ने मुश्किलें बढ़ा दी हैं। प्रदेश में 313 सड़कें बंद हैं। इसके अलावा 65 पेयजल योजनाएं और 112 ट्रांसफार्मर भी प्रभावित हुए हैं।

मंडी: 117 सड़कें बंद
चंबा: 74
कुल्लू: 60
शिमला: 36
सिरमौर: 13

राज्य सरकार के मुताबिक, 30 जून से अब तक बारिश और मौसम संबंधी आपदाओं में 75 लोगों की मौत हो चुकी है। वहीं 911 करोड़ रुपये से ज्यादा का नुकसान हुआ है।

18 अगस्त तक मौसम पर नजर, येलो अलर्ट

हिमाचल प्रदेश में अलग-अलग स्थानों पर भारी बारिश को लेकर येलो अलर्ट जारी किया गया है। पहाड़ी क्षेत्रों में बारिश के साथ भूस्खलन और सड़क बाधित होने का खतरा बना हुआ है। प्रशासन ने लोगों से मौसम संबंधी अपडेट पर नजर रखने की अपील की है।

ओडिशा में रेड अलर्ट, 20 सेंटीमीटर से ज्यादा बारिश का अनुमान

बंगाल की खाड़ी में बने कम दबाव के क्षेत्र के प्रभाव से ओडिशा में बारिश और तेज हो सकती है। बालासोर और भद्रक में रेड अलर्ट जारी किया गया है। दोनों जिलों में 20 सेंटीमीटर से ज्यादा बारिश होने का अनुमान है।

वहीं जाजपुर, केंद्रापड़ा, जगतसिंहपुर, कटक, अंगुल, क्योंझर, मयूरभंज और ढेंकनाल में ऑरेंज अलर्ट जारी किया गया है। कई इलाकों में 30 से 40 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से हवाएं चलने के साथ आंधी और वज्रपात की आशंका है।

जम्मू-कश्मीर में बाढ़ और भूस्खलन से परेशानी

जम्मू-कश्मीर के किश्तवाड़, कठुआ और पुलवामा में भारी बारिश से बाढ़, जलभराव और भूस्खलन की स्थिति बनी हुई है। किश्तवाड़ में सड़क का हिस्सा बहने से गुलाबगढ़-मचैल मार्ग प्रभावित हुआ है।

कठुआ में भूस्खलन के कारण बनी-बसोहली मार्ग का टिकरी मोड़ बंद हो गया। वहीं पुलवामा के अवंतिपोरा में जलभराव के कारण श्रीनगर-अनंतनाग मार्ग पर यातायात रोकना पड़ा।

उत्तराखंड में यात्रा पर भी असर

उत्तराखंड में बारिश और भूस्खलन के चलते मद्महेश्वर यात्रा 7 अगस्त से अस्थायी रूप से रोक दी गई है। पहाड़ी क्षेत्रों में लगातार बारिश के कारण यात्रियों और स्थानीय लोगों को सतर्क रहने की सलाह दी गई है।

राजस्थान में भी मानसून का जोर

राजस्थान में भी मानसून सक्रिय है। चित्तौड़गढ़ के बासी में 227 मिलीमीटर बारिश दर्ज की गई। उदयपुर में उदय सागर बांध का जलस्तर 21 फीट से ऊपर पहुंचने के बाद दो गेट एक-एक फुट खोले गए।

कोटा में दिल्ली-मुंबई एक्सप्रेसवे की मुकुंदरा सुरंग में करीब एक फुट पानी भरने के कारण इसे बंद करना पड़ा। जयपुर समेत कई शहरों में जलभराव से यातायात प्रभावित हुआ है।मौसम विभाग ने गुरुवार को राजस्थान के सभी जिलों में बारिश का यलो अलर्ट जारी किया है।

प्रशासन की अपील

भारी बारिश और भूस्खलन की आशंका वाले इलाकों में लोगों से अनावश्यक यात्रा से बचने, स्थानीय प्रशासन की एडवाइजरी का पालन करने और मौसम संबंधी ताजा अपडेट पर नजर रखने की अपील की गई है।