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नेपाल में बाढ़ से हाहाकार, कैलाश मानसरोवर जा रहे 390 तीर्थयात्री संपर्क से बाहर; ज्यादातर भारतीय

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काठमांडू। नेपाल के रसुवा जिले में भोटे कोशी नदी में अचानक आई बाढ़ के बाद कैलाश मानसरोवर यात्रा पर निकले करीब 390 तीर्थयात्रियों से संपर्क नहीं हो पा रहा है। इन यात्रियों को बुधवार को नेपाल-चीन सीमा पार कर तिब्बत स्थित कैलाश मानसरोवर के लिए रवाना होना था। बाढ़ के कारण रसुवागढ़ी इलाके में सड़क समेत कई जरूरी बुनियादी ढांचे को नुकसान पहुंचा है।

390 यात्रियों में 93 नेपाली, बाकी ज्यादातर भारतीय

काठमांडू पोस्ट के अनुसार, टच कैलाश ट्रैवल्स एंड टूर्स के प्रबंध निदेशक बाशु कुमार अधिकारी ने बताया कि करीब 390 तीर्थयात्रियों को बुधवार को सीमा पार करनी थी। दोपहर तक कुछ यात्रियों को छोड़कर अधिकांश से संपर्क नहीं हो पाया था।

इन यात्रियों में 93 नेपाली नागरिक हैं, जबकि बाकी यात्रियों में बड़ी संख्या भारतीयों की बताई जा रही है। अलग-अलग ट्रैवल एजेंसियों के यात्री रसुवागढ़ी क्षेत्र में ठहरे हुए थे। यात्रियों की स्थिति का पता लगाने के लिए लगातार प्रयास किए जा रहे हैं।

कई ट्रैवल एजेंसियों के यात्री फंसे

संपर्क से बाहर यात्रियों में विभिन्न एजेंसियों के ग्राहक शामिल हैं। इनमें सम्राट टूर्स एंड ट्रैवल्स के 71, लीफ हॉलीडेज के 55, काठमांडू हॉलीडेज के 17, कैलाश जर्नी के 31, एक्सप्लोर वेकेशन के 7, ट्रेकर्स सोसाइटी के 92, रिचा टूर्स के 12, फिशटेल टूर्स एंड ट्रैवल्स के 27, हिमालयन ग्लेशियर के 62 और एल्पाइन इको ट्रेक के 16 यात्री शामिल हैं।

ट्रेकिंग एजेंसियों एसोसिएशन ऑफ नेपाल के अध्यक्ष सागर पांडे के मुताबिक, यात्रियों से संपर्क स्थापित करने और उनकी वास्तविक स्थिति का पता लगाने की कोशिश की जा रही है।

बाढ़ के बाद 384 पर्यटकों के लापता होने की सूचना

नेपाल पर्यटन बोर्ड की 26 अगस्त 2026 की प्रारंभिक सूची के मुताबिक, भोटे कोशी नदी में आई अचानक बाढ़ के बाद कुल 384 पर्यटकों और यात्रियों के लापता होने की सूचना है। इनमें 291 विदेशी नागरिक और 93 नेपाली नागरिक शामिल हैं।

सूची के अनुसार भारत के 105, नेपाल के 93, मलेशिया के 17, ब्रिटेन के 12, दक्षिण अफ्रीका के 4, अमेरिका के 3, ऑस्ट्रेलिया और नीदरलैंड के एक-एक नागरिक शामिल हैं। इसके अलावा 37 एनआरआई और 111 ऐसे लोग हैं, जिनकी राष्ट्रीयता की पुष्टि अभी नहीं हुई है।

हालांकि, पर्यटन बोर्ड के ये 384 लापता यात्रियों के आंकड़े कैलाश मानसरोवर यात्रा पर गए 390 तीर्थयात्रियों में शामिल नहीं हैं।