हवाई क्षेत्र प्रतिबंध और ईंधन कीमतों में बढ़ोतरी के चलते एयर इंडिया ने घटाईं अंतरराष्ट्रीय उड़ानें, कई रूट अस्थायी रूप से बंद

नई दिल्ली। हवाई क्षेत्र से जुड़ी पाबंदियों और जेट ईंधन की लगातार बढ़ती कीमतों के कारण एयर इंडिया ने अपने अंतरराष्ट्रीय उड़ान संचालन में बड़ा बदलाव करने का निर्णय लिया है। एयरलाइन ने घोषणा की है कि जून से अगस्त के बीच कुछ प्रमुख विदेशी मार्गों पर उड़ानों में कटौती की जाएगी, जबकि कई सेवाएं अस्थायी रूप से निलंबित रहेंगी।
एयर इंडिया के मुताबिक यह कदम मौजूदा परिचालन चुनौतियों को देखते हुए उठाया गया है। कंपनी का कहना है कि कुछ क्षेत्रों में हवाई क्षेत्र प्रतिबंधों के कारण उड़ानों के संचालन में बाधाएं आ रही हैं, वहीं ईंधन की ऊंची कीमतों से लागत में भारी वृद्धि हुई है।
इस फैसले के तहत दिल्ली–शिकागो, मुंबई–न्यूयॉर्क, दिल्ली–शंघाई और चेन्नई–सिंगापुर जैसे अहम अंतरराष्ट्रीय मार्गों पर सेवाएं अस्थायी रूप से बंद रहेंगी। इसके अलावा मुंबई–ढाका और दिल्ली–माले रूट पर भी उड़ानों का निलंबन किया जाएगा।
हालांकि एयर इंडिया ने स्पष्ट किया है कि इस दौरान अंतरराष्ट्रीय नेटवर्क पूरी तरह बंद नहीं होगा। एयरलाइन हर महीने 1,200 से अधिक अंतरराष्ट्रीय उड़ानों का संचालन जारी रखेगी, जिनमें उत्तरी अमेरिका, यूरोप, यूके, ऑस्ट्रेलिया, सुदूर पूर्व, दक्षिण-पूर्व एशिया, सार्क देशों और मॉरीशस जैसे गंतव्य शामिल रहेंगे।
कंपनी ने बताया कि यह बदलाव जून से अगस्त तक अस्थायी रूप से लागू रहेगा और इस अवधि में नेटवर्क की स्थिरता और परिचालन दक्षता को बेहतर बनाने पर ध्यान दिया जाएगा। स्थिति की समीक्षा के बाद प्रभावित रूट्स पर सेवाओं को दोबारा शुरू करने पर विचार किया जाएगा।
एयर इंडिया ने इस निर्णय से प्रभावित यात्रियों से असुविधा के लिए खेद व्यक्त करते हुए उन्हें वैकल्पिक यात्रा योजनाएं अपनाने की सलाह दी है।




