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तमनार के बच्चों को मिली नई उड़ान, अदाणी फाउंडेशन के कोचिंग सेंटर से 39 विद्यार्थियों का चयन

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० तीन वर्षों में 87 बच्चों ने हासिल की प्रतिष्ठित आवासीय विद्यालयों में जगह

रायगढ़। तमनार क्षेत्र के ग्रामीण और आदिवासी अंचलों के बच्चों ने अपनी मेहनत और प्रतिभा के दम पर बड़ी उपलब्धि हासिल की है। गारे पेलमा-3, गारे पेलमा-2 और पेलमा माइनिंग परियोजनाओं की सामाजिक सरोकार शाखा अदाणी फाउंडेशन की ओर से संचालित अदाणी जवाहर नवोदय विद्यालय कोचिंग सेंटर के विद्यार्थियों ने शैक्षणिक सत्र 2025-26 में शानदार प्रदर्शन किया है।

इस वर्ष कोचिंग सेंटर से कुल 39 विद्यार्थियों का विभिन्न प्रतिष्ठित आवासीय विद्यालयों में चयन हुआ है। यह सेंटर की अब तक की सबसे बड़ी सफलता है।

एकलव्य विद्यालय में 34, नवोदय में एक विद्यार्थी चयनित

इस वर्ष चयनित 39 विद्यार्थियों में—

34 का एकलव्य मॉडल आवासीय विद्यालय में चयन
1 का जवाहर नवोदय विद्यालय में चयन
3 का उत्कर्ष विद्यालय में चयन
1 का सैनिक स्कूल में चयन

हुआ है।

इनमें से अधिकांश विद्यार्थी ग्रामीण और आदिवासी क्षेत्रों से आते हैं। सीमित संसाधनों के बावजूद बच्चों ने कड़ी मेहनत और निरंतर अभ्यास के जरिए यह मुकाम हासिल किया है।

मिलूपारा के 17 बच्चों का चयन

तमनार के मिलूपारा गांव ने इस वर्ष खास उपलब्धि हासिल की है। गांव के 17 विद्यार्थियों का विभिन्न प्रतिष्ठित आवासीय विद्यालयों में चयन हुआ है। इनमें बड़ी संख्या ऐसे बच्चों की है, जो श्रमिक परिवारों से ताल्लुक रखते हैं।

आर्थिक और सामाजिक चुनौतियों के बावजूद इन बच्चों की सफलता ने साबित किया है कि उचित मार्गदर्शन और अवसर मिलने पर ग्रामीण क्षेत्र की प्रतिभाएं भी बड़ी उपलब्धियां हासिल कर सकती हैं।

तीन साल में 87 विद्यार्थियों का चयन

अदाणी फाउंडेशन का यह कोचिंग कार्यक्रम पिछले तीन वर्षों से ग्रामीण बच्चों को प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी में मदद कर रहा है। वर्ष 2023 से अब तक 87 विद्यार्थियों का विभिन्न प्रतिष्ठित आवासीय विद्यालयों में चयन हो चुका है।

इनमें जवाहर नवोदय विद्यालय, एकलव्य मॉडल आवासीय विद्यालय, सैनिक स्कूल और उत्कर्ष विद्यालय जैसे संस्थान शामिल हैं।

नि:शुल्क कोचिंग से मिल रहा बच्चों को सहारा

दूरस्थ गांवों के बच्चों को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा उपलब्ध कराने के उद्देश्य से संचालित यह कोचिंग सेंटर पूरी तरह नि:शुल्क है। यहां विद्यार्थियों को नियमित कक्षाओं के साथ अध्ययन सामग्री, विशेषज्ञ मार्गदर्शन और अभ्यास परीक्षाओं की सुविधा दी जाती है।

कोचिंग सेंटर की सफलता में विद्यार्थियों की मेहनत के साथ शिक्षकों का समर्पण, अभिभावकों का सहयोग और फाउंडेशन टीम के निरंतर प्रयासों की भी अहम भूमिका रही है।

शिक्षा के जरिए ग्रामीण प्रतिभाओं को अवसर

चयनित विद्यार्थियों की सफलता से तमनार क्षेत्र में शिक्षा को लेकर सकारात्मक माहौल बना है। अन्य बच्चे भी इन सफल विद्यार्थियों से प्रेरणा ले रहे हैं और प्रतिष्ठित विद्यालयों में प्रवेश के लिए मेहनत कर रहे हैं।

अदाणी फाउंडेशन शिक्षा को सामाजिक विकास का महत्वपूर्ण माध्यम मानते हुए ग्रामीण और आदिवासी क्षेत्रों के बच्चों को बेहतर शैक्षणिक अवसर उपलब्ध कराने की दिशा में काम कर रहा है। इस पहल से विद्यार्थियों को बेहतर संस्थानों तक पहुंच मिलने के साथ उनके परिवारों और समुदायों में भी शिक्षा के प्रति जागरूकता बढ़ रही है।