चीनी के बढ़ते दाम पर बड़ी राहत : ISMA का दावा- देश में नहीं है कमी, जल्द घटेंगे भाव

दिल्ली। देश में बढ़ती चीनी की कीमतों के बीच उपभोक्ताओं के लिए राहत की खबर सामने आई है। इंडियन शुगर एंड बायो-एनर्जी मैन्युफैक्चरर्स एसोसिएशन (ISMA) ने स्पष्ट किया है कि देश में चीनी की कोई वास्तविक कमी नहीं है। संस्था को उम्मीद है कि आने वाले दिनों में खुदरा बाजार में चीनी के दाम नीचे आ सकते हैं।
जमाखोरी और सट्टेबाजी से बढ़े दाम
ISMA के अध्यक्ष नीरज शिरगाओकर के मुताबिक, हालिया कीमत वृद्धि के पीछे बाजार में सट्टेबाजी और व्यापारियों की ओर से अधिक मात्रा में चीनी का भंडारण प्रमुख कारण रहे हैं। इसके चलते बाजार में अस्थायी तौर पर आपूर्ति का दबाव बना और कीमतों में तेजी आई।
मौसम का भी पड़ा असर
गन्ने की फसल पर मौसम संबंधी परिस्थितियों का असर पड़ा, जिससे चीनी उत्पादन अनुमान से कम रहा। कम उत्पादन, बढ़ी मांग और बाजार में स्टॉक रोककर रखने जैसी परिस्थितियों ने मिलकर कीमतों को ऊपर पहुंचाया।
देश में पर्याप्त स्टॉक का दावा
ISMA का कहना है कि देश में चीनी का पर्याप्त भंडार मौजूद है। बाजार में आपूर्ति सामान्य होने और जमाखोरी-सट्टेबाजी कम होने पर खुदरा कीमतों में गिरावट की उम्मीद है।
अक्टूबर में बढ़ेगा चीनी उत्पादन
ISMA के मुताबिक सितंबर के अंत तक चीनी का क्लोजिंग स्टॉक करीब 35 लाख टन रहने का अनुमान है। वहीं चीनी मिलों के लगभग 15 अक्टूबर तक शुरू होने की उम्मीद है। अक्टूबर में करीब 10-12 लाख टन चीनी उत्पादन का अनुमान है, जबकि इसी महीने मांग लगभग 24-25 लाख टन रहने की संभावना जताई गई है।




