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नेपाल में भोटे कोशी नदी में अचानक आई बाढ़, 7 शव मिले; सीमा चौकी के 4 जवान समेत कई लोग लापता

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काठमांडू। उत्तरी नेपाल में बुधवार को भोटे कोशी नदी का जलस्तर अचानक बढ़ने से भीषण बाढ़ आ गई। तिब्बत सीमा से सटे रसुवा जिले के कई इलाकों में बाढ़ ने भारी तबाही मचाई है। अधिकारियों के मुताबिक अब तक 7 लोगों के शव बरामद किए गए हैं, जबकि कई लोग लापता बताए जा रहे हैं।

बाढ़ से तिमुरे और स्याब्रुबेसी की सीमावर्ती बस्तियां सबसे ज्यादा प्रभावित हुई हैं। कई घर, वाहन, पुल और बुनियादी ढांचे की परियोजनाएं पानी की चपेट में आ गईं। नेपाल सेना के मुताबिक कई वाहन, व्यावसायिक सामान और अन्य संपत्ति बाढ़ में बह गई।

सीमा चौकी के 4 जवान लापता

उत्तरी रसुवा की एक सीमा चौकी पर तैनात नेपाल सशस्त्र पुलिस बल के चार जवान अचानक आई बाढ़ के बाद लापता हैं। वहीं, रसुवा सीमा शुल्क कार्यालय के 14 कर्मचारियों के भी संपर्क से बाहर होने की जानकारी सामने आई है। हालांकि, प्रशासन ने अभी तक लापता लोगों की संख्या की आधिकारिक पुष्टि नहीं की है।

15 हाइड्रोपावर परियोजनाएं प्रभावित

नेपाल के स्वतंत्र बिजली उत्पादक संघ के अनुसार बाढ़ से करीब 15 हाइड्रोपावर परियोजनाएं प्रभावित हुई हैं। इनमें 10 संचालित और पांच निर्माणाधीन परियोजनाएं शामिल हैं। बाढ़ से कई परियोजनाओं के बुनियादी ढांचे को नुकसान पहुंचने की खबर है।

तिब्बत की ओर से आया बाढ़ का पानी?

अधिकारियों के अनुसार बुधवार सुबह करीब 9 बजे नदी का जलस्तर अचानक बढ़ने की सूचना मिली। शुरुआती जानकारी में आशंका जताई जा रही है कि बाढ़ का पानी तिब्बत की ओर से आया हो सकता है। हालांकि, बाढ़ के वास्तविक कारण और नुकसान का आकलन अभी जारी है।

सीमा शुल्क परिसर में भी तबाही

रसुवा के मुख्य सीमा शुल्क अधिकारी राजेंद्र ढुंगाना के मुताबिक सीमा शुल्क परिसर में खड़े कई वाहन और रखा सामान पानी में बह गया। हाल ही में बनाया गया एक पुल भी बाढ़ में नष्ट हो गया। रसुवा प्रशासन के अधिकारी नरेंद्र परियार ने कहा कि गांवों और बुनियादी ढांचा परियोजना स्थलों के बह जाने की जानकारी मिली है और भारी जानमाल के नुकसान की आशंका है।

कई जिलों के लिए अलर्ट जारी

नेपाल के राष्ट्रीय आपदा जोखिम न्यूनीकरण एवं प्रबंधन प्राधिकरण ने रसुवा, नुवाकोट, धाडिंग, चितवन और गोरखा में नदी किनारे रहने वाले लोगों को सतर्क रहने की सलाह दी है। लोगों से जरूरत पड़ने पर तत्काल सुरक्षित स्थानों पर जाने की अपील की गई है।