#प्रदेश

रायपुर के सदर बाजार में जर्जर इमारत का हिस्सा गिरा, मची अफरा-तफरी; निगम ने पहले ही जारी किया था नोटिस

Advertisement Carousel

 

रायपुर। राजधानी के सदर बाजार में शुक्रवार देर रात उस वक्त अफरा-तफरी मच गई, जब एक पुरानी और जर्जर इमारत का सामने वाला हिस्सा अचानक भरभराकर गिर गया। घटना के बाद पुलिस और नगर निगम की टीम तत्काल मौके पर पहुंची और सुरक्षा के मद्देनजर कुछ देर के लिए वाहनों की आवाजाही रोक दी गई। राहत की बात रही कि हादसे में कोई जनहानि नहीं हुई।

सहेली ज्वेलर्स के सामने हुआ हादसा

बताया जा रहा है कि जर्जर भवन सहेली ज्वेलर्स के सामने स्थित है और इसके नीचे पान की दुकान संचालित होती है। इमारत का हिस्सा गिरने का आभास होते ही दुकानदार और आसपास मौजूद लोग समय रहते बाहर निकल गए।सदर बाजार में दिन के समय काफी भीड़ रहती है। ऐसे में देर रात भवन का हिस्सा गिरने से बड़ा हादसा टल गया।

निगम ने भवन मालिक को पहले ही दिया था नोटिस

नगर निगम जोन-4 के कमिश्नर के अनुसार, भवन काफी समय से जर्जर स्थिति में था और नगर निगम की ओर से भवन मालिक को पहले ही नोटिस जारी किया जा चुका था। हादसे के बाद निगम की टीम ने मौके पर पहुंचकर क्षतिग्रस्त हिस्से को हटाने का काम शुरू किया।

इलाके में सुरक्षा व्यवस्था बनाए रखने के लिए पुलिस बल भी तैनात किया गया है।

जर्जर भवनों को लेकर CM साय ने दिए थे निर्देश

यह घटना ऐसे समय हुई है, जब मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने दिल्ली के सत्य निकेतन में हुए बिल्डिंग हादसे के बाद जर्जर भवनों को लेकर कलेक्टर और एसपी के साथ बैठक की थी। मुख्यमंत्री ने जोखिम वाले भवनों की पहचान कर उन्हें हटाने और नियमित निगरानी के निर्देश दिए थे।

उन्होंने अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए थे कि जर्जर और जोखिमपूर्ण भवनों की जांच में लापरवाही मिलने पर जवाबदेही तय की जाएगी। नागरिकों और छात्रों की सुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता देते हुए समय पर कार्रवाई करने को कहा गया था।

जर्जर हिस्से के पास DJ बजाने से पुलिस ने किया मना

हादसे के बाद पुलिस ने आसपास के लोगों से जर्जर भवन के पास तेज आवाज में DJ या साउंड सिस्टम नहीं बजाने की अपील की है। अधिकारियों का कहना है कि क्षतिग्रस्त हिस्से को हटाने और आसपास के क्षेत्र को सुरक्षित करने के दौरान अतिरिक्त खतरा न पैदा हो, इसलिए सावधानी बरती जा रही है।

फिलहाल निगम और पुलिस की टीम मौके पर मौजूद है और क्षतिग्रस्त हिस्से को हटाने के साथ क्षेत्र को सुरक्षित करने की कार्रवाई जारी है।