पश्चिम बंगाल कैबिनेट के बड़े फैसले: महिलाओं को 3000 रुपये की सहायता,7वें वेतन आयोग गठन समेत कई प्रस्तावों को मंजूरी

कोलकाता। पश्चिम बंगाल सरकार की हालिया कैबिनेट बैठक में कई महत्वपूर्ण फैसलों को मंजूरी दी गई है। बैठक के बाद मंत्री अग्निमित्रा पॉल ने इन निर्णयों की जानकारी देते हुए बताया कि राज्य सरकार ने महिलाओं, कर्मचारियों और प्रशासनिक सुधारों से जुड़े कई प्रस्तावों को हरी झंडी दी है।
सरकारी जानकारी के अनुसार कैबिनेट बैठक में लिए गए प्रमुख निर्णय इस प्रकार हैं—
अन्नपूर्णा योजना की मंजूरी: राज्य में महिलाओं के लिए अन्नपूर्णा योजना को स्वीकृति दी गई है। इसके तहत 1 जून से पात्र महिलाओं को हर महीने 3,000 रुपये की आर्थिक सहायता देने का प्रावधान किया गया है।
महिलाओं के लिए मुफ्त बस यात्रा: राज्य में 1 जून से महिलाओं को सरकारी बसों में मुफ्त यात्रा की सुविधा देने का निर्णय लिया गया है।
सातवें वेतन आयोग का गठन: राज्य सरकार ने कर्मचारियों, संबद्ध वैधानिक निकायों और शैक्षणिक संस्थानों के लिए सातवें वेतन आयोग के गठन को मंजूरी दी है।
धार्मिक आधार पर दी जाने वाली सहायता में बदलाव: कैबिनेट ने धार्मिक आधार पर समूहों को दी जाने वाली कुछ सरकारी सहायता को बंद करने का फैसला किया है।
अन्नपूर्णा योजना के दायरे का विस्तार: नागरिकता संशोधन कानून (CAA) के तहत आवेदन करने वाले और मतदाता सूची संबंधी ट्रिब्यूनल में आवेदन करने वाले लोगों को भी इस योजना का लाभ दिए जाने का प्रावधान किया गया है।
इसके अलावा, राज्य सरकार की पिछली कैबिनेट बैठकों में भी कई अहम निर्णय लिए गए थे, जिनमें स्कूलों में भर्ती आवेदकों के लिए आयु सीमा में वृद्धि, केंद्र की आयुष्मान भारत योजना को लागू करने की मंजूरी, सीमा सुरक्षा बल (BSF) को बांग्लादेश सीमा पर बाड़ लगाने के लिए जमीन उपलब्ध कराने का निर्णय, भारतीय न्याय संहिता (BNS) को लागू करने की स्वीकृति और जनगणना से जुड़े केंद्रीय निर्देशों को लागू करने के आदेश शामिल रहे हैं।
इन फैसलों को राज्य प्रशासनिक और सामाजिक नीतियों के लिहाज से महत्वपूर्ण माना जा रहा है।





