कोरिया में 50 लाख की चोरी का खुलासा : TMC स्टोर की छत उखाड़कर उड़ाए थे मशीनों के कीमती पार्ट्स, 4 गिरफ्तार

कोरिया। पाण्डोपारा के झिलमिली स्थित TMC कंपनी के स्टोर में हुई करीब 50 लाख रुपये की चोरी का पुलिस ने खुलासा कर दिया है। पटना थाना पुलिस और साइबर सेल की संयुक्त टीम ने कार्रवाई करते हुए मामले में चार आरोपियों को गिरफ्तार किया है। आरोपियों के कब्जे और उनकी निशानदेही पर करीब 40 लाख रुपये कीमत के तांबा, पीतल और कांसा से बने मशीनों के कीमती पार्ट्स बरामद किए गए हैं।
छत की शीट उखाड़कर स्टोर में घुसे चोर
पुलिस के मुताबिक, 21-22 अगस्त की दरम्यानी रात आरोपियों ने करीब 9-10 लोगों के समूह के साथ मिलकर TMC के झिलमिली स्टोर को निशाना बनाया। चोरों ने स्टोर की छत की शीट उखाड़ी और अंदर प्रवेश कर कोयला उत्खनन में इस्तेमाल होने वाली मशीनों के महंगे पार्ट्स चोरी कर लिए।
चोरी किए गए सामान को आरोपियों ने बड़सरा जंगल में छिपाकर रखा था। इसके बाद अगले दिन चोरी का सामान चरचा निवासी कबाड़ी अब्दुल वासिब उर्फ गोलू के पास बेच दिया गया।
40 लाख का चोरी का सामान बरामद
टीएमसी पण्डोपारा परियोजना के प्रोजेक्ट मैनेजर श्यामल मैती ने 24 अगस्त को पटना थाने में शिकायत दर्ज कराई थी। उन्होंने स्टोर से मशीनों के तांबा, पीतल और कांसा निर्मित पार्ट्स चोरी होने की जानकारी दी थी। चोरी गए सामान की अनुमानित कीमत करीब 50 लाख रुपये बताई गई थी।
शिकायत के बाद पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू की। एसपी हरीश राठौर और एएसपी अभिषेक सिंह के निर्देश पर थाना पुलिस व साइबर सेल की टीम ने मुखबिर तंत्र सक्रिय किया। संदिग्धों से पूछताछ के बाद पुलिस को चोरी की पूरी कड़ी का पता चला।
कबाड़ी के पास से मिला लाखों का माल
आरोपियों की निशानदेही पर पुलिस ने कबाड़ी अब्दुल वासिब उर्फ गोलू मियां के कब्जे से करीब 40 लाख रुपये का चोरी का सामान बरामद किया। इसके अलावा आरोपियों के पास से तीन तलवार, टॉर्च, मोबाइल फोन और 1500 रुपये नकद भी जब्त किए गए हैं।
चार आरोपी गिरफ्तार, अन्य की तलाश जारी
पुलिस ने मामले में किशन कुमार (24), मंगलराम उर्फ गोलू (24), करन (24) और अब्दुल वासिब उर्फ गोलू मियां (30) को गिरफ्तार किया है। सभी आरोपियों को 27 अगस्त को न्यायालय के समक्ष पेश किया गया।
पुलिस अब चोरी में शामिल अन्य फरार आरोपियों की तलाश में जुटी है। साथ ही यह भी पता लगाया जा रहा है कि चोरी के सामान की खरीद-फरोख्त में और कौन-कौन लोग शामिल थे।





