#प्रदेश

शराब घोटाला: कांग्रेस नेता रामगोपाल अग्रवाल की न्यायिक हिरासत 5 अगस्त तक बढ़ी, कोर्ट पहुंचे भूपेश बघेल

Advertisement Carousel

 

० EOW-ED ने मनी लॉन्ड्रिंग और करोड़ों रुपये के ट्रांसफर का लगाया आरोप, कांग्रेस ने बताया राजनीतिक कार्रवाई

रायपुर। छत्तीसगढ़ के बहुचर्चित शराब घोटाला मामले में गिरफ्तार कांग्रेस नेता रामगोपाल अग्रवाल की न्यायिक हिरासत 5 अगस्त तक बढ़ा दी गई है। शनिवार को उन्हें अदालत में पेश किया गया, जहां कोर्ट ने उन्हें अगली सुनवाई तक न्यायिक अभिरक्षा में भेजने का आदेश दिया। इस दौरान पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल सहित कांग्रेस के कई वरिष्ठ नेता रायपुर कोर्ट पहुंचे और रामगोपाल अग्रवाल से मुलाकात की।

अदालत परिसर में मीडिया से बातचीत करते हुए भूपेश बघेल ने राज्य और केंद्र सरकार पर जांच एजेंसियों के दुरुपयोग का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि राजनीतिक लाभ लेने और कांग्रेस की छवि धूमिल करने के उद्देश्य से केंद्रीय एवं राज्य की जांच एजेंसियों का इस्तेमाल किया जा रहा है।

EOW-ED का दावा, मनी लॉन्ड्रिंग में रही अहम भूमिका

ईओडब्ल्यू और ईडी के अनुसार, रामगोपाल अग्रवाल पर शराब घोटाला, कोयला लेवी और कस्टम मिलिंग से जुड़े कथित अवैध धन के लेन-देन और मनी लॉन्ड्रिंग में महत्वपूर्ण भूमिका निभाने का आरोप है। जांच एजेंसियों का दावा है कि कोयला घोटाले से जुड़े 52 करोड़ रुपये के ट्रांसफर में देवेंद्र डड़सेना की भूमिका सामने आई है। दोनों से संयुक्त रूप से करीब तीन घंटे तक पूछताछ भी की गई थी।

जांच एजेंसियों का आरोप है कि रामगोपाल अग्रवाल के माध्यम से शराब, कोयला और कस्टम मिलिंग से जुड़े करीब 800 करोड़ रुपये विभिन्न माध्यमों से ट्रांसफर किए गए। हालांकि, रामगोपाल अग्रवाल ने इन सभी आरोपों से इनकार किया है।

3,400 करोड़ के शराब घोटाले की जांच जारी

ईओडब्ल्यू ने कोयला घोटाले में रिमांड पूरी होने के बाद रामगोपाल अग्रवाल को शराब घोटाला मामले में भी गिरफ्तार किया था। जांच एजेंसी का दावा है कि प्रदेश में शराब कारोबार से जुड़े कथित घोटाले का आकार करीब 3,400 करोड़ रुपये है। हाल ही में सेंट्रल जेल में मुख्य आरोपी अनवर ढेबर के सामने बैठाकर भी रामगोपाल अग्रवाल से पूछताछ की गई थी।

8 जुलाई को किया था सरेंडर

करीब तीन वर्षों तक फरार रहने के बाद रामगोपाल अग्रवाल ने 8 जुलाई को ईओडब्ल्यू कार्यालय पहुंचकर आत्मसमर्पण किया था। मेडिकल जांच के बाद उन्हें अदालत में पेश किया गया, जहां पहले पुलिस रिमांड मंजूर की गई थी। अब कोर्ट ने उन्हें 5 अगस्त तक न्यायिक हिरासत में भेज दिया है।